रायपुर। राजधानी रायपुर के सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में आयोजित दो दिवसीय राज्य स्तरीय रोजगार मेले का 8 अक्टूबर को समापन हुआ। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने समापन समारोह में शामिल होकर चयनित युवाओं को ऑफर लेटर प्रदान किए। इस दौरान करीब 1,100 चयनित युवाओं को ऑफर लेटर सौंपे गए।

7 और 8 अक्टूबर को आयोजित रोजगार मेले में प्रदेशभर से 13 हजार से अधिक युवाओं ने हिस्सा लिया। विभिन्न कंपनियों की चयन प्रक्रिया के बाद 5 हजार से अधिक अभ्यर्थियों का अंतिम चयन हुआ। प्रदेश के सभी जिलों के साथ दूरस्थ और जनजातीय क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में युवा रोजगार मेले में पहुंचे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर कौशल प्रशिक्षण और उनकी योग्यता के अनुरूप रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। सरकार का प्रयास है कि युवाओं को शिक्षा और रोजगार के बेहतर अवसर प्रदेश में ही मिलें और वे आत्मनिर्भर बनकर विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में भागीदार बनें।
मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले ढाई वर्षों में प्रदेशभर में 925 रोजगार मेलों का आयोजन किया गया है, जिनके माध्यम से 25 हजार 845 से अधिक युवाओं को रोजगार मिला है।
रोजगार मेले में 95 से अधिक पंजीकृत नियोक्ता संस्थानों सहित विभिन्न कंपनियों ने हिस्सा लिया। करीब 50 स्टॉल लगाए गए, जहां अभ्यर्थियों के दस्तावेज सत्यापन, साक्षात्कार और चयन की प्रक्रिया पूरी की गई। आईटीआई, डिप्लोमा, इंजीनियरिंग, स्नातक सहित विभिन्न शैक्षणिक और व्यावसायिक योग्यता वाले युवाओं के लिए रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए गए।
ई-रोजगार पोर्टल बनेगा ‘स्किल मार्केट’
मुख्यमंत्री ने कहा कि ई-रोजगार पोर्टल को आगे ‘स्किल मार्केट’ के रूप में विकसित किया जाएगा। इस डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से युवाओं की योग्यता और कौशल को उद्योगों की जरूरत और उपलब्ध रिक्तियों से जोड़ा जाएगा। इससे युवाओं को अपनी योग्यता के अनुरूप रोजगार तलाशने और उद्योगों को कुशल मानव संसाधन उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
रोजगार मेले में शामिल उन युवाओं को भी मुख्यमंत्री ने निराश नहीं होने की बात कही, जिनका इस बार चयन नहीं हो सका। उन्होंने कहा कि सरकार आगे भी रोजगार मेलों, कौशल विकास कार्यक्रमों और उद्योगों के साथ समन्वय के जरिए नए अवसर उपलब्ध कराती रहेगी।
पॉलिटेक्निक संस्थानों की गुणवत्ता मूल्यांकन रिपोर्ट जारी
कार्यक्रम के दौरान पॉलिटेक्निक महाविद्यालयों में शिक्षा और प्रशिक्षण की गुणवत्ता सुधारने के उद्देश्य से क्वालिटी काउंसिल ऑफ इंडिया द्वारा तैयार थर्ड पार्टी मूल्यांकन रिपोर्ट का विमोचन भी किया गया। रिपोर्ट में संस्थानों के शैक्षणिक स्तर, प्रशिक्षण व्यवस्था, अधोसंरचना और गुणवत्ता सुधार की संभावनाओं का आकलन किया गया है।
तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास एवं रोजगार मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि सरकार का उद्देश्य युवाओं को केवल प्रशिक्षण देना नहीं, बल्कि उनके कौशल को रोजगार और आजीविका के वास्तविक अवसरों से जोड़ना है।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री टंकराम वर्मा, बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष वर्णिका शर्मा, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत छाबड़ा, विधायक सुनील सोनी, विधायक रोहित साहू सहित जनप्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी, औद्योगिक प्रतिष्ठानों के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में युवा मौजूद रहे।