धान खरीदी कंप्यूटर ऑपरेटर संघ ने फिर खोला मोर्चा, चार सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलन की चेतावनी
रायपुर। छत्तीसगढ़ समर्थन मूल्य धान खरीदी कंप्यूटर ऑपरेटर संघ ने अपनी चार सूत्रीय मांगों को लेकर एक बार फिर आंदोलन का ऐलान किया है। संघ का कहना है कि लंबे समय से उनकी मांगों को लेकर शासन के समक्ष लगातार आवेदन और संवाद का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है।

संघ ने मुख्यमंत्री निवास पहुंचकर अपनी मांगों को लेकर आवेदन सौंपा है। इसके अलावा संगठन के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री के निज सहायक तुलसी कौशिक से मुलाकात कर भी अपना मांग पत्र सौंपा।
क्या हैं ऑपरेटर संघ की प्रमुख मांगें?
संघ की प्रमुख मांगों में 12 माह का वेतन शासन द्वारा पूर्व वर्षों की तरह दिए जाने, बढ़ती महंगाई और विभागीय कार्यों में लगातार हो रही वृद्धि को देखते हुए वित्त निर्देश 22/23 के अनुसार ₹23,350 वेतनमान किए जाने की मांग शामिल है।
इसके साथ ही संघ ने वर्ष 2007 से कार्यरत सभी डाटा एंट्री ऑपरेटरों के लिए सेवा नियम तैयार करने और योग्यता एवं वरिष्ठता के आधार पर पदोन्नति का अवसर देने की मांग की है। वहीं, भविष्य में नियमितीकरण के लिए कमेटी गठित करने की भी मांग रखी गई है।
मांगें पूरी नहीं हुईं तो बड़े आंदोलन की चेतावनी
कंप्यूटर ऑपरेटर संघ ने सरकार को चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द संवाद कर स्थायी समाधान नहीं निकाला गया, तो संगठन बड़े आंदोलन का रास्ता अपनाएगा। संघ ने दिल्ली के जंतर-मंतर की तर्ज पर परिवार, बच्चों, सहयोगी संगठनों और किसान परिवारों के साथ महाआंदोलन करने की चेतावनी दी है।
संघ का कहना है कि ऑपरेटरों की भूमिका धान खरीदी और किसानों से जुड़ी विभिन्न सरकारी योजनाओं के संचालन में महत्वपूर्ण है। ऐसे में यदि आंदोलन के चलते काम प्रभावित होता है तो इसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
ऑपरेटर संघ ने कहा है कि सरकार लंबे समय से चली आ रही मांगों पर गंभीरता से विचार करे और जल्द समाधान निकाले, अन्यथा आगामी दिनों में आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।