नई दिल्ली। भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने एवरेस्ट फूड प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड और लालजी गोधू एंड कंपनी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। खाद्य नियामक ने दोनों कंपनियों को हींग पाउडर बेचने से रोक दिया है। लैब जांच में इनके हींग पाउडर के सैंपल निर्धारित गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरे। FSSAI ने शनिवार को इंटरनेट मीडिया पोस्ट के जरिए प्रतिबंध आदेश जारी किए जाने की जानकारी दी।
एवरेस्ट की हींग पाउडर की सभी किस्मों की बिक्री पर रोक
FSSAI ने एवरेस्ट के मामले में हींग पाउडर की सभी किस्मों की बिक्री तत्काल प्रभाव से प्रतिबंधित कर दी है। प्राथमिक खाद्य प्रयोगशाला के खाद्य विश्लेषक ने हींग पाउडर (मिश्रित हींग) के नमूनों को निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाया। जांच में गलत ब्रांडिंग भी सामने आई।
जांच के अनुसार, अल्कोहल में घुलनशील अर्क की मात्रा निर्धारित न्यूनतम 5 प्रतिशत के मुकाबले एक सैंपल में शून्य प्रतिशत पाई गई। वहीं पीली हींग पाउडर (मिश्रित हींग) और काली हींग पाउडर (मिश्रित हींग) के नमूने भी मानकों के अनुरूप नहीं पाए गए।
दो अन्य सैंपल में भी मानक से कम अर्क
पीली और काली हींग पाउडर के सैंपल में अल्कोहल में घुलनशील अर्क की मात्रा क्रमशः 3.29 प्रतिशत और 4.4 प्रतिशत पाई गई, जबकि निर्धारित मानक कम से कम 5 प्रतिशत है।
FSSAI ने एवरेस्ट से अच्छी गुणवत्ता वाले उत्पादों की बिक्री सुनिश्चित करने के लिए कार्य योजना पेश करने को कहा है। नियामक ने चेतावनी दी है कि यदि कंपनी कमियों को दूर करने में विफल रहती है तो आगे कार्रवाई की जाएगी।
लालजी गोधू के हींग पाउडर पर भी प्रतिबंध
लालजी गोधू एंड कंपनी के मामले में FSSAI ने हींग पाउडर की बिक्री पर रोक लगाई है। जांच के दौरान इसके उत्पादों को घटिया और मिलावटी पाया गया।
कंपाउंडेड हींग तैयार करने में इस्तेमाल की गई कच्ची हींग के सैंपल में जरूरत से ज्यादा स्टार्च पाया गया। खाद्य मानकों के अनुसार हींग में स्टार्च की मात्रा वजन के हिसाब से 1 प्रतिशत से अधिक नहीं होनी चाहिए।
FSSAI ने लालजी गोधू एंड कंपनी को भी सुधार के लिए कार्य योजना प्रस्तुत करने और यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं कि आगे केवल निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप उत्पादों का निर्माण और बिक्री की जाए।