रायपुर। रक्षाबंधन से पहले रायपुर के बलवीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में ‘स्नेह की डोर’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। यहां स्कूली बेटियों, दिव्यांग बेटियों और महिला स्व-सहायता समूहों की दीदियों ने केंद्रीय सुरक्षा बलों, सेना और पुलिस के करीब 800 जवानों को राखी बांधी।

कार्यक्रम का सबसे भावुक पल तब आया, जब वर्ष 2017 में नक्सली मुठभेड़ में शहीद हुए उपनिरीक्षक युगल किशोर वर्मा की पत्नी माधुरी वर्मा ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की कलाई पर राखी बांधी। इस दौरान मुख्यमंत्री भावुक हो गए।
शहीदों के परिवार हमारे अपने परिवार
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राखी का धागा केवल भाई-बहन के स्नेह का प्रतीक नहीं, बल्कि शहीद परिवारों के विश्वास और अपनत्व का भी प्रतीक है। उन्होंने कहा कि शहीदों के परिवार हमारे अपने परिवार हैं और सरकार उनके सम्मान और हर सुख-दुःख में साथ खड़ी है।

सीएम ने कहा कि नक्सलवाद के अंत की ओर बढ़ता छत्तीसगढ़ बहनों के लिए सुरक्षा और विश्वास का सबसे बड़ा उपहार है। अब वह समय आ रहा है जब नक्सल हिंसा के कारण किसी बहन का सुहाग नहीं उजड़ेगा और किसी मां को अपना बेटा नहीं खोना पड़ेगा।
68 लाख बहनों को मिलेगी 631 करोड़ की राशि
मुख्यमंत्री ने बताया कि रक्षाबंधन से पहले महतारी वंदन योजना की 31वीं किस्त के रूप में करीब 68 लाख बहनों के खातों में 631 करोड़ रुपये अंतरित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि सरकार महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने के लिए लगातार काम कर रही है।
रायपुर को मिले पांच नए प्रोजेक्ट
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने रायपुर जिले के पांच अभिनव प्रोजेक्ट्स का शुभारंभ किया। इनमें ‘हरित पोषणम्’, ‘प्रोजेक्ट निरामय’, ‘तिरंगा शक्ति फेस्ट’, ‘प्रोजेक्ट अहिगुण्डिकः’ और ‘रायपुर अनफिल्टर्ड’ शामिल हैं।
‘प्रोजेक्ट निरामय’ के तहत जिले के 215 स्कूलों के 65,920 विद्यार्थियों की स्वास्थ्य और रक्त जांच की जाएगी। वहीं ‘हरित पोषणम्’ के जरिए पोषण वाटिकाओं को बढ़ावा दिया जाएगा।

‘रायपुर अनफिल्टर्ड’ के जरिए छत्तीसगढ़ की प्रतिष्ठित हस्तियों और कलाकारों के अनुभवों को पॉडकास्ट के माध्यम से सामने लाया जाएगा, जबकि ‘प्रोजेक्ट अहिगुण्डिकः’ के तहत सौंरा (सपेरा) समुदाय के परिवारों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने का अभियान चलाया जाएगा।